यूनाइट फॉर ह्यूमैनिटी हिंदी समाचार पत्र

RNI - UPHIN/2013/55191 (साप्ताहिक)
RNI - UPHIN/2014/57987 (दैनिक)
RNI - UPBIL/2015/65021 (मासिक)
UFH News Wheel

अतिसंवेदनशील केद्रों की मांगी गई रिपोर्ट निकाय चुनाव के चलते | लखनऊ


Tuesday, November 14 2017
Vikram Singh Yadav, Chief Editor ALL INDIA

अतिसंवेदनशील केद्रों की मांगी गई रिपोर्ट निकाय चुनाव के चलते

शांतिपूर्वक और निष्पक्ष चुनाव के लिए प्रशासन ने संवेदनशील और अतिसंवेदनशील मतदान केंद्रों की रिपोर्ट मांगी है। सोमवार को सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेटों की बैठक में डीएम कौशल राज शर्मा ने सभी जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेटों को इस बाबत निर्देश दिए हैं।

डॉ.राम मनोहर लोहिया विधि विश्वविद्यालय के सभागार में जिलाधिकारी ने कहा कि ऐसे क्षेत्र जहां पर मतदान के दौरान किसी प्रकार की धमकी, डराने अथवा स्वतंत्र एवं निष्पक्ष मतदान किये जाने में बाधा पहुंचने की संभावना है, जैसे ऐसे गांव, संवेदनशील व अति संवेदनशील बूथों की पहचान कर एक बार फिर सर्वे करा लिया जाए।

सेक्टर मजिस्ट्रेट द्वारा प्रत्येक मतदेय स्थल के विस्तार क्षेत्र (कैचगेट एरिया) का भी भ्रमण कर लिया जाए तथा संबंधित थानाध्यक्षों, जोनल अधिकारियों व कर्मचारियों से भी परामर्श लिया जाए, ऐसे आबादी क्षेत्र का चिह्नंकन कर लिया जाए जहां स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव में बाधा पहुंच सकती है। बाधा पहुंचाने का प्रयास करने वाले व्यक्तियों को चिन्हित कर उनकी सूची तथा जोन सेक्टर के ऐसे आबादी वाले क्षेत्र को चिन्हित कर मैप में प्रदर्शित कर अपने क्षेत्र के संबंधित रिटनिर्ंग अधिकारी को उपलब्ध कराया जाए।

लोगों के संपर्क में रहें अफसर: जिलाधिकारी ने सभी अफसरों को निरीक्षण के दौरान इलाकाई लोगों के संपर्क में रहने के निर्देश दिए। डीएम ने कहा कि शांतिपूर्वक चुनावों के लिए जरूरी है कि जिस क्षेत्र में मतदान हों वहां के जिम्मेदार नागरिकों से सलाह-मशविरा करें ताकि पहले से एहतियाती कदम उठाये जा सकें।

पैसा-शराब बांटने वालों पर रखें नजर: डीएम ने कहा कि चुनाव के दौरान पार्टियों, प्रत्याशियों या उनके समर्थकों द्वारा अक्सर मतदाताओं को वस्त्र, धन, या शराब आदि का प्रलोभन देकर अपने पक्ष में प्रभावित करने का प्रयास किया जाता है। ऐसे में सभी अफसर यह सुनिश्चित करेंगे कि इस तरह की किसी भी शिकायत पर तत्काल एक्शन लें।

बिना अनुमति जनसभा नहीं: डीएम ने जोनल और सेक्टर मजिस्टेटों को निर्देश दिए कि बिना पूर्व अनुमति के कोई जनसभा न की जाए, मतदाता पहचान पत्र की उपलब्धता के संबंध में क्षेत्रवासियों से बातचीत कर जानकारी प्राप्त करें, पहचान पत्र हेतु फोटो खींचने अथवा पहचान पत्र उपलब्ध कराने के संबंध में यदि कोई शिकायत हो तो उसकी सूचना संबन्धित निर्वाचन अधिकारी को देते हुए अपनी रिपोर्ट में उसका उल्लेख करेंगे।